कोरोना वायरस के खिलाफ देश में जंग लगातार जारी है लेकिन इस मुश्किल घड़ी में भारत के साथ कई देश मिलकर सहयोग कर रहे हैं। यूएस, फ्रांस, ब्राजील और यूके के बाद अब स्विट्जरलैंड, पोलेंड, नीदरलैंड और बैंकॉक भारत की मदद के लिए आगे आए हैं। इन देशों ने कई विमानों के जरिए राहत सामग्री उपलब्ध कराई है।
स्विट्जरलैंड की बात करें तो यहां से भारत के लिए कई सौ ऑक्सीजन कंसंट्रेटर्स और 50 रेस्पिरेट्री सिस्टम भेजे हैं, जिसकी कीमत CHF 3 मिलियन (लगभग अमरीकी डालर 3.3 मिलियन) है। स्विट्जरलैंड दूतावास ने इस बात की जानकारी दी है। आज सुबह, स्विटजरलैंड से 13 टन से अधिक मेडिकल आपूर्ति वाला एक मालवाहक विमान नई दिल्ली पहुंचा। स्विट्जरलैंड द्वारा प्रदान की जाने वाली चिकित्सा आपूर्ति भारतीय रेड क्रॉस द्वारा प्राप्त की गई। भारतीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक सुजरलैंड दूतावास की ओर से भेजी गई राहत सामग्री को अस्पतालों में वितरित किया जाएगा।
इस संकट की घड़ी में नीदरलैंड, पोलैंड और बैंकॉक ने भी भारत का हाथ थामा है। नीदरलैंड से एक फ्लाइट के जरिए 449 वेंटीलेटर 100 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर और अन्य मेडिकल उपकरण भारत भेजे गए।विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता, अरिंदम बागची ने कहा कि नीदरलैंड की तरफ से अगले कुछ दिनों में बचे हुए मेडिकल उपकरण भारत भेजे जाएंगे। इसके साथ ही उन्होंने नीदरलैंड का आभार व्यक्त किया।
भारत के इस मुश्किल हालात में इंटरनेशनल मदद लगातार जारी है। अगर बात करें बैंकॉक की तो बैंकॉक से भी भारत मेडिकल उपकरण भेजे गए हैं। भारतीय वायुसेना के सी-17 विमान ने बैंकॉक से पनागर एयरवेज पश्चिम बंगाल तक 4 क्रायोजेनिक ऑक्सीजन कंटेनर को एयर लिफ्ट किया है।वहीं पोलैंड से 100 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर की खेप भारत पहुंची है इस समर्थन के लिए यूरोपीय संघ के साथी पोलैंड को विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने धन्यवाद दिया है।
