मुड़ी चौराहे पर शनिवार देर शाम से धरना, रविवार को बड़ी संख्या में ट्रैक्टरों के साथ प्रदर्शनकारियों के जुटने से प्रशासन अलर्ट
आगरा। यूजीसी के नए नियमों के विरोध में चल रहे आंदोलन के बीच आगरा में रविवार को गतिविधियां तेज हो गईं। यूजीसी मुक्ति मोर्चा की ओर से 20 सितंबर को जिला मुख्यालय (कलेक्ट्रेट) के घेराव और ट्रैक्टर मार्च का आह्वान किया गया था। इसके मद्देनजर खंदौली थाना क्षेत्र के मुड़ी चौराहे पर शनिवार देर शाम से ही प्रदर्शनकारियों का जुटना शुरू हो गया था।
आंदोलन की तैयारियों के तहत आगरा-जलेसर मार्ग स्थित उस्मानपुर गांव में युवाओं को ट्रैक्टरों पर तिरंगा लगाते हुए देखा गया। इसके बाद बड़ी संख्या में ट्रैक्टर मुड़ी चौराहे की ओर पहुंचने लगे। प्रदर्शनकारियों के प्रस्तावित मार्च को देखते हुए पुलिस और पीएसी की तैनाती की गई तथा क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई।
रविवार को प्रदर्शनकारी ट्रैक्टरों के साथ आगे बढ़े तो पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर उन्हें रोकने का प्रयास किया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच नोकझोंक हुई और कुछ स्थानों पर बैरिकेडिंग टूटने की भी खबर सामने आई। इसके बाद प्रदर्शनकारी यमुना एक्सप्रेसवे तक पहुंच गए, जहां वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई और जाम की स्थिति बनी।
मोर्चा की ओर से यूजीसी से संबंधित अपनी मांगों को लेकर आंदोलन जारी रखने की बात कही गई है। वहीं, प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस-प्रशासन ने क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी और प्रदर्शनकारियों की गतिविधियों पर नजर बनाए रखी।
